जालौन : स.शि.मं.कोटरा में मनाया गया गणेश शंकर विद्यार्थी जी का बलिदान दिवस

जालौन : स.शि.मं.कोटरा में मनाया गया गणेश शंकर विद्यार्थी जी का बलिदान दिवस
जालौन। सरस्वती शिशु मंदिर,कोटरा में 25 मार्च ,गुरुवार को गणेश शंकर विद्यार्थी जी का बलिदान दिवस मनाया गया । इस दौरान विद्यालय के प्रधानाचार्य जी ने शंकर विद्यार्थी जी के जीवन के बारे में बताते हुए कहा कि वे भीड़ से अलग थे, उससे घबराते नहीं थे। इसीलिए पत्रकारिता जगत में भी उनका अलग और सम्मानपूर्वक लिया जाता है। उन्होंने 16 वर्ष की उम्र में ही अपनी पहली किताब 'हमारी आत्मोसर्गता' लिख डाली थी। गणेश शंकर विद्यार्थी अपनी पूरी जिंदगी में 5 बार जेल गए। हम तो अपना काम करें। गणेश शंकर विद्यार्थी ने किसानों एवं मजदूरों को हक दिलाने के लिए जीवनपर्यंत संघर्ष किया तथा आजादी के आंदोलन में भी सक्रिय रहे थे। वे छात्र जीवन से ही वामपंथी आंदोलनों को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहे।