लखनऊ: पद्मश्री योगेन्द्र बाबा की स्मृति में माधव सभागार में श्रद्धाजलि सभा का आयोजन

लखनऊ: पद्मश्री योगेन्द्र बाबा की स्मृति में माधव सभागार में श्रद्धाजलि सभा का आयोजन
लखनऊ: पद्मश्री योगेन्द्र बाबा की स्मृति में माधव सभागार में श्रद्धाजलि सभा का आयोजन
  • वैचारिक संघर्ष में पराजित नहीं हुए बाबा योगेन्द्र : वीरेश्वर दिवेदी

लखनऊ। संस्कार भारती के संरक्षक व राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के वरिष्ठ प्रचारक पद्मश्री योगेन्द्र बाबा की स्मृति में रविवार को सरस्वती कुंज निरालानगर स्थित माधव सभागार में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। श्रद्धांजलि सभा में संघ विचार परिवार के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने बाबा योगेन्द्र को याद कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय बौद्धिक प्रमुख स्वान्त रंजन ने श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए कहा कि संघ के प्रचारक वर्ग में हम लोग जिन गुणों की चर्चा करते हैं बाबा योगेन्द्र वह सब दिखाई पड़ता था। एक आदर्श संघ कार्यकर्ता व प्रचारक का जीवन कैसा होना चाहिए उसके वह मूर्तिमान स्वरूप थे। स्वान्त रंजन ने कहा कि कला के क्षेत्र में काम करना और कलाकारों का संगठन करना कठिन कार्य था लेकिन उसे उन्होंने कर दिखाया।

संघ के वरिष्ठ प्रचारक वीरेश्वर दिवेदी ने कहा कि वैचारिक संघर्ष के तुमुल संघर्ष में वह पराजित नहीं हुए। संस्कार भारती के कार्य को वह सातवें आसमान तक लेकर गये। संस्कार भारती के यश का वितान आज जितना है उसमें उस अखण्ड कर्मयोगी की कुशल योजगता की अमिट छाप स्पष्ट परिलक्षित होती है।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ अवध प्रान्त के प्रान्त प्रचारक कौशल ने कहा कि बाबा के साथ काम करने का अवसर तो हमें नहीं मिला लेकिन जिन्होंने बाबा के साथ काम किया है उनके साथ काम करने का मौका मिला। सीतापुर जनपद के गांव—गांव में उनकी चर्चा होती है। प्रान्त प्रचारक ने कहा कि आपातकाल के समय वह भूमिगत रहते हुए संघ का काम किया। वह उस दौरान सीतापुर में ही रहे लेकिन वह गिरफ्तार नहीं हुए।  

संघ के अखिल भारतीय कार्यकारिणी के सदस्य अशोक बेरी ने कहा कि व्यक्ति के अंदर जिजीविषा कैसी होनी चाहिए यह उनमें देखने को मिलती थी। विद्या भारती के राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री यतीन्द्र ने कहा कि बाबा ने जब संस्कार भारती का काम शुरू किया उस समय न पैसा था,न साधन थे और न कार्यकर्ता थे। वह कभी नाराज नहीं होते थे।

भाजपा के प्रदेश संगठन मंत्री सुनील बंसल ने भाजपा की ओर से श्रद्धांजलि अर्पित् करते हुए कहा कि बाबा योगेन्द्र का जाना संस्कार भारती ही नहीं अपितु सम्पूर्ण संघ परिवार की क्षति है।  संस्कार भारती की ओर से पदम कान्त शर्मा,किसान संघ की ओर से अशोक यादव,श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से डा.अनिल मिश्रा,महामना मालवीय मिशन की ओर से प्रभु नारायण श्रीवास्तव और मजदूर संघ की ओर से अनिल उपाध्याय ने श्रद्धांजलि अर्पित की।

इसके अलावा सह प्रान्त बौद्धिक प्रमुख मनोज कांत,अवध प्रान्त के सम्पर्क प्रमुख गंगा सिंह,प्रान्त प्रचारक प्रमुख यशोदा,वरिष्ठ प्रचारक रामजी भाई,पूर्व उप मुख्यमंत्री डा. दिनेश शर्मा और लखनऊ की महापौर संयुक्ता भाटिया ने भी श्रद्धांजलि अर्पित की।  पद्मश्री मालिनी अवस्थी ने 'गठारिया छोड़ चला बंजारा व_मोको कहां ढूंढे रे बन्दे मैं तो तेरे पास हूं. तथा हे कृष्ण माधव हरे मुरारी हे नाथ नारायण वासुदेवानिगुर्ण की प्रस्तुति के माध्यम से श्रद्धांजलि अर्पित की।